बदायूं जिले के उरेना गांव से साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति के बैंक खाते से बिना उसकी जानकारी के एक लाख रुपये से अधिक की राशि निकाल ली गई। पीड़ित ने इस पूरे मामले की शिकायत साइबर क्राइम सेल में करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मिली जानकारी के अनुसार भगवान दास पुत्र नारायण दास निवासी ग्राम उरेना, जिला बदायूं के बैंक खाते से 29 जनवरी 2026 और 30 जनवरी 2026 के बीच कई बार में ऑनलाइन ट्रांजेक्शन किए गए। यह सभी लेनदेन यूपीआई के माध्यम से किए गए, जबकि पीड़ित का कहना है कि उसने इनमें से कोई भी ट्रांजेक्शन स्वयं नहीं किया।
बैंक स्टेटमेंट के अनुसार कुल एक लाख चार हजार सात सौ दस रुपये सतहत्तर पैसे की राशि अलग अलग समय पर विभिन्न यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर की गई। लगातार हो रहे इन ट्रांजेक्शनों से पीड़ित को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
पीड़ित भगवान दास ने बताया कि उन्हें इस धोखाधड़ी की जानकारी तब हुई जब उन्होंने अपने खाते का स्टेटमेंट चेक किया। इसके बाद उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचना दी और लिखित शिकायत देकर न्याय की गुहार लगाई।
उन्होंने अपनी शिकायत में स्पष्ट किया है कि यह पूरी घटना उनकी जानकारी और अनुमति के बिना हुई है, जिससे साफ तौर पर साइबर अपराध की आशंका जताई जा रही है। पीड़ित ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जल्द से जल्द जांच कर आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए और उनकी राशि वापस दिलाई जाए।
इस घटना ने एक बार फिर साइबर सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार बढ़ रहे ऐसे मामलों से आम लोगों में भय का माहौल बनता जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यूपीआई और ऑनलाइन बैंकिंग का इस्तेमाल करते समय विशेष सावधानी बरतना जरूरी है, क्योंकि छोटी सी लापरवाही भी बड़ी आर्थिक क्षति का कारण बन सकती है।
फिलहाल मामला साइबर क्राइम सेल के संज्ञान में है और जांच की प्रक्रिया जारी है। पीड़ित को उम्मीद है कि उसे जल्द ही न्याय मिलेगा और उसकी मेहनत की कमाई वापस मिल सकेगी।

