24 साल तक प्रधानमंत्री रहने के बाद चुनाव हारा ये दिग्गज नेता, चीन समर्थक पार्टी से मिली शिकस्त

Date:

सेंट विंसेंट एंड ग्रेनाडाइन्स में 24 साल बाद सत्ता बदलने जा रही है। न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी के गॉडविन फ्राइडे ने प्रधानमंत्री राल्फ गोंसाल्वेस को चुनाव में भारी शिकस्त दी, और उनकी पार्टी NDP को 15 में से 14 सीटें मिली हैं। फ्राइडे ने नौकरियों, सुरक्षा और इन्फ्रास्ट्रक्चर सुधार के बड़े वादे किए हैं।

सैन ह्वान (प्यूर्टो रिको): पूर्वी कैरेबियाई देश सेंट विंसेंट एंड ग्रेनाडाइन्स में 24 साल बाद सत्ता बदलने जा रही है। गुरुवार को हुए आम चुनाव के शुरुआती नतीजों में न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता गॉडविन फ्राइडे ने मौजूदा प्रधानमंत्री राल्फ गोंसाल्वेस की यूनिटी लेबर पार्टी को करारी शिकस्त दे दी है। 15 में से 14 सीटें NDP के खाते में गई हैं और देश में सत्ता परिवर्तन अब तय है। राल्फ गोंसाल्वेस मार्च 2001 से लगातार प्रधानमंत्री थे, इसलिए दुनिया के सबसे लंबे समय तक सत्ता में बने रहने वाले लोकतांत्रिक नेताओं में उनका नाम शुमार था। वह वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज-कैनेल के करीबी समर्थक माने जाते हैं।

‘यह अंत नहीं, बल्कि एक नई शुरुआत है’
हार के बाद उनकी पार्टी ने फेसबुक पर संक्षिप्त बयान जारी किया, ‘हम आपसे प्यार करते हैं, SVG, और आपके लिए काम करते रहेंगे और आवाज उठाते रहेंगे। यह अंत नहीं, बल्कि एक नई शुरुआत है।’ राजधानी किंग्सटाउन में सैकड़ों लोग जमा हुए और वुवुजेला बजाते हुए ‘फ्राइडे! फ्राइडे! फ्राइडे!’ के नारे लगाए। नाव से मुख्य द्वीप पर उतरते हुए गॉडविन फ्राइडे ने कहा, ‘लोग बाहर निकले और साफ कह दिया कि हम अपने लिए बेहतर भविष्य चाहते हैं। मैं जानता हूं कि आगे बहुत चुनौतियां हैं।’ उन्होंने चुनाव में ज्यादा नौकरियां, मजदूरी बढ़ाने, सुरक्षा मजबूत करने और अहम इन्फ्रास्ट्रक्चर में निवेश के बड़े वादे किए हैं।

चीन के साथ करीबी रिश्तों की वकालत करती है NDP
सेंट विंसेंट एंड ग्रेनाडाइन्स की आबादी एक लाख से कुछ ज्यादा है, और यहां बेरोजगारी 18 फीसदी और गरीबी 26 फीसदी है। अप्रैल 2021 में ला सौफ्रियर ज्वालामुखी फटने के बाद से देश अभी तक पूरी तरह उबरा नहीं है और पर्यटन ही उसकी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। फ्राइडे ने विदेश नीति में भी बदलाव के संकेत दिए हैं। NDP पहले से सिटिजनशिप बाय इन्वेस्टमेंट प्रोग्राम और चीन के साथ करीबी रिश्तों की वकालत करती रही है, जबकि गोंसाल्वेस की सरकार लंबे समय तक ताइवान के साथ मजबूत संबंध बनाए रखती थी।

कैरेबियाई देशों में अच्छा प्रभाव रखते थे गोंसाल्वेस
गोंसाल्वेस ने क्षेत्रीय स्तर पर भी अहम भूमिका निभाई थी। पिछले महीने उन्होंने कैरेबियाई देशों के बीच फ्री मूवमेंट समझौता कराया, जिससे नागरिकों को बिना वीजा-वर्क परमिट के आने-जाने की सुविधा मिलेगी। दिसंबर 2023 में वेनेजुएला और गयाना के बीच सीमा विवाद सुलझाने के लिए आपात बैठक भी उन्होंने ही आयोजित कराई थी। जमैका के प्रधानमंत्री एंड्रयू होल्नेस ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘राल्फ गोंसाल्वेस कैरिबियाई समुदाय (कैरिकॉम) में मजबूत आवाज रहे। उन्होंने हमेशा गहरे क्षेत्रीय सहयोग और एकजुट कैरेबियाई समुदाय की वकालत की।’ होल्नेस ने गॉडविन फ्राइडे को भी बधाई दी और कहा कि उनका चुना जाना विंसेंटियन लोगों के लिए नया अध्याय है।

शुक्रवार को फ्राइडे ने ली प्रधानमंत्री पद की शपथ
बता दें कि गॉडविन फ्राइडे 2020 के चुनाव में भी गोंसाल्वेस से मुकाबला कर चुके हैं, हालांकि तब वे हार गए थे। इस बार उनकी मुहिम गांव-गांव की छोटी-छोटी बैठकों से शुरू हुई और धीरे-धीरे जन समर्थन इतना बढ़ा कि सत्ता तक पहुंच गए। शुक्रवार को सैकड़ों समर्थक पीले-नीले रंग के कपड़े पहने किंग्सटाउन में जश्न मना रहे थे। कुछ लोगों ने गोंसाल्वेस की पार्टी के पोस्टरों से कार्डबोर्ड का ताबूत बनाया, उस पर वुवुजेला बजाते रहे और फिर उसे समुद्र में बहाकर अलविदा कह दिया। नए प्रधानमंत्री गॉडविन फ्राइडे का शपथ ग्रहण शुक्रवार दोपहर बाद शपथ ली।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

मेहरौली से 19 वर्षीय युवती रहस्यमय तरीके से लापता, परिवार परेशान

नई दिल्ली। दक्षिणी दिल्ली के मेहरौली इलाके से 19...