लालकृष्ण आडवाणी की सेहत अब कैसी है? अस्पताल ने जारी किया हेल्थ अपडेट

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बीजेपी के सीनियर नेता और देश के पूर्व डिप्टी प्राइम मिनिस्टर एलके आडवाणी की सेहत को लेकर अपोलो अस्पताल ने जो अपडेट जारी किया है उसके मुताबिक एलके आडवाणी की हालत स्थिर है।
नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और देश के पूर्व उप-प्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी को सीने में संक्रमण के कारण दिल्ली के इंद्रप्रस्था ओपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनके हेल्थ को लेकर अस्पताल की ओर से एक बुलेटिन जारी किया गया है। इसके मुताबिक उन्हें फिलहाल गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में रखा गया है। उनकी हालत स्थिर बताई गई है।
सेहत की लगातार हो रही निगरानी
ओपोलो अस्पताल के मुताबिक लालकृष्ण आडवाणी का इलाज न्यूरोलॉजी विभाग के वरिष्ठ कंसल्टेंट डॉ. विनीत सूरी की देखरेख में किया जा रहा है। डॉक्टरों की टीम उनकी सेहत पर लगातार नजर रख रही है। अस्पताल की ओर से बताया गया कि एलके आडवाणी की हालत फिलहाल स्थिर बनी हुई है और उन्हें मेडिकल ऑब्जर्वेशन में रखा गया है।

शुक्रवार शाम भर्ती कराया गया
एलके आडवाणी को शुक्रवार शाम करीब साढ़े सात बजे जसोला विहार स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया। आडवाणी कई बार भाजपा के अध्यक्ष रहे और उन्होंने 2002 से 2004 तक उपप्रधानमंत्री के रूप में सेवाएं दीं। पार्टी को एक प्रमुख राष्ट्रीय राजनीतिक ताकत बनाने में उनकी अहम भूमिका रही। भाजपा को एक प्रमुख राष्ट्रीय राजनीतिक ताकत बनाने में उनकी अहम भूमिका रही है।

पीएम मोदी ने लिया था आशीर्वाद
इसी महीने की 7 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लालकृष्ण आडवाणी के आवास पर पहुंचकर उनसे मुलाकात की थी। शासन प्रमुख के रूप में अपने 25 वर्ष पूरे होने पर पीएम मोदी ने एलके आडवाणी का आशीर्वाद लिया था।

प्रधानमंत्री ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”आडवाणी जी से उनके आवास पर मुलाकात की और उनका आशीर्वाद लिया। दशकों तक उनकी जनसेवा और हमारे राष्ट्रीय जीवन में उनके योगदान ने एक अमिट छाप छोड़ी है। उन्होंने भारत की प्रगति को मजबूत करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।” बता दें कि 98 वर्षीय एलके आडवाणी को इससे पहले भी इस साल मई में उम्र से जुड़े हेल्थ प्रॉब्लम्स के चलते अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वे कुछ दिनों तक अस्पताल में रहे थे और उसके बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई थी।

1980 में वाजपेयी के साथ मिलकर बीजेपी की स्थापना की
लाल कृष्ण आडवाणी 1977 में बनी जनता पार्टी की सरकार में सूचना-प्रसारण मंत्री रहे। उन्होंने 1980 में अटल बिहारी वाजपेयी के साथ मिलकर बीजेपी की स्थापना की थी। वाजपेयी के बाद उन्होंने बीजेपी की कमान संभाली और वह सबसे लंबे समय तक बीजेपी के अध्यक्ष रहे। उनके नेतृत्व में 1984 में सिर्फ 2 सीटों वाली पार्टी 1998 में 182 सीटों तक पहुंच गई। वे 7 बार लोकसभा चुनाव जीतकर सदन के सदस्य बने। ज्यादातर समय उन्होंने गांधीनगर सीट का प्रतिनिधित्व किया। वह 1998-2004 तक देश के गृह मंत्री रहे और 2002-2004 तक उन्होंने देश के डिप्टी पीएम की जिम्मेदारी संभाली। आडवाणी को साल 2024 में भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान, भारत रत्न से सम्मानित किया गया था।

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