राजस्थान के टोंक जिले के उनियारा क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है। अलीगढ़ थाना क्षेत्र की रहने वाली एक अनुसूचित जाति की महिला ने आरोप लगाया है कि उसके घर में घुसकर दो युवकों ने उसके साथ जबरदस्ती करते हुए दुष्कर्म का प्रयास किया। महिला का कहना है कि घटना के बाद उसने स्थानीय थाने में शिकायत भी दी, लेकिन कई दिन बीत जाने के बावजूद आरोपियों के खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। अब उसने पुलिस उपाधीक्षक, उनियारा को लिखित प्रार्थना पत्र देकर सख्त कार्रवाई और अपनी सुरक्षा की मांग की है।
पीड़िता ललिता देवी पत्नी वसीम ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि उसका पति रोजी-रोटी कमाने के लिए अक्सर गांव से बाहर रहता है और वह घर पर अकेली रहती है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से होने के कारण वह स्वयं को असुरक्षित महसूस करती है। महिला का आरोप है कि 21 मार्च 2026 को दोपहर करीब 12 बजे गांव अलीगढ़ निवासी वाहिद पुत्र शाहिद और इमरान पुत्र नन्हा खां शराब के नशे में उसके घर में घुस आए।
महिला का कहना है कि दोनों आरोपियों ने उसके साथ जबरदस्ती करते हुए दुष्कर्म करने का प्रयास किया। उसने विरोध किया और शोर मचाया तो आसपास के लोगों के एकत्र होने की आशंका से दोनों आरोपी मौके से भाग गए। पीड़िता का आरोप है कि घटना के बाद भी आरोपी लगातार उसे रिपोर्ट वापस लेने और पुलिस में शिकायत न करने के लिए धमका रहे हैं। विशेष रूप से वाहिद द्वारा जान से मारने की धमकी दिए जाने का आरोप लगाया गया है, जिससे वह और उसका परिवार भय के माहौल में जी रहे हैं।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि घटना वाले दिन ही उसने अलीगढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन अब तक आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उसके अनुसार पुलिस की निष्क्रियता के कारण आरोपियों के हौसले बढ़ गए हैं और उसे आशंका है कि वे उसके साथ किसी भी समय गंभीर घटना को अंजाम दे सकते हैं।
वसीम जी की यहां प्रशासन से अपील है कि इन अपराधियों को जल्द से जल्द पकड़ा जाए
इसी को लेकर महिला ने 24 मार्च 2026 को पुलिस उपाधीक्षक, उनियारा को प्रार्थना पत्र सौंपते हुए अलीगढ़ थाना पुलिस को निर्देशित कर दोनों आरोपियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई कराने तथा उसे और उसके परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की

