मुजफ्फरपुर। जिले के मीनापुर क्षेत्र के पैगंबरपुर स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय पैगंबरपुर से आठवीं कक्षा के छात्र की कथित पिटाई का मामला सामने आया है। पीड़ित छात्र की पहचान चंद्र मोहन कुमार, जन्म वर्ष 2014, निवासी पैगंबरपुर, मीनापुर, मुजफ्फरपुर के रूप में हुई है। उसकी मां बीरभा देवी का आरोप है कि 28 जुलाई 2026 को विद्यालय में शिक्षक अनिल कुमार ने उनके बेटे की डंडे से पिटाई की। आरोप है कि इसी दौरान डंडा बच्चे की आंख में लग गया, जिसके बाद उसकी आंख में गंभीर चोट आई और घटना के बाद से लगातार इलाज चल रहा है।
बीरभा देवी के मुताबिक उनका बेटा चंद्र मोहन कुमार राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय पैगंबरपुर में आठवीं कक्षा में पढ़ता है। परिवार का आरोप है कि 28 जुलाई को विद्यालय में किसी बात को लेकर शिक्षक अनिल कुमार ने बच्चे के साथ मारपीट की। इसी दौरान डंडे की चोट बच्चे की आंख पर लगने का आरोप है। चोट लगने के बाद परिवार उसकी हालत को लेकर चिंतित हो गया।
परिजनों का कहना है कि आंख में चोट लगने के बाद चंद्र मोहन को इलाज के लिए चिकित्सकों के पास ले जाया गया। मां के अनुसार घटना के बाद से बच्चे का इलाज लगातार जारी है। आंख जैसी संवेदनशील जगह पर चोट लगने के कारण परिवार को बच्चे की आंख और उसके भविष्य को लेकर चिंता सता रही है।
पीड़ित मां बीरभा देवी का आरोप है कि घटना को लेकर उन्होंने संबंधित स्तर पर अपनी शिकायत और परेशानी बताने की कोशिश की, लेकिन अभी तक उन्हें अपेक्षित सुनवाई नहीं मिली है। उनका कहना है कि बच्चे के साथ विद्यालय में हुई घटना को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए।
परिवार का कहना है कि चंद्र मोहन अभी इलाज के दौर से गुजर रहा है और इस कारण उसकी पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। मां का कहना है कि बच्चा विद्यालय में पढ़कर अपना भविष्य बनाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन आंख में चोट लगने के बाद परिवार मानसिक और आर्थिक परेशानी से गुजर रहा है।
बीरभा देवी ने प्रशासन और शिक्षा विभाग से मांग की है कि मामले की तत्काल जांच कराई जाए। उनका कहना है कि विद्यालय में मौजूद लोगों और संबंधित शिक्षक से पूछताछ की जाए तथा बच्चे की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर घटना की वास्तविक स्थिति सामने लाई जाए। यदि जांच में शिक्षक पर लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
हालांकि शिक्षक अनिल कुमार पर लगाए गए मारपीट और डंडे से आंख में चोट पहुंचाने के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। घटना की वास्तविक स्थिति मेडिकल रिपोर्ट, विद्यालय में मौजूद लोगों के बयान और अन्य साक्ष्यों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
पीड़ित परिवार का कहना है कि उनकी मांग किसी विवाद को बढ़ाने की नहीं, बल्कि बच्चे को न्याय और उचित इलाज दिलाने की है। मां बीरभा देवी ने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए समय रहते कार्रवाई करने और चंद्र मोहन कुमार की सुरक्षा तथा इलाज में आवश्यक मदद उपलब्ध कराने की अपील की है।

