मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार ने NEET टॉपर्स के लिए बड़ी राहत की खबर दी है। सरकार मेरिट में आने वाले स्टूडेंट्स की फीस में एक-तिहाई की कमी की राहत देने की तैयारी में है। इसके अलावा सीटें भी बढ़ाकर 6020 कर दी गई हैं।
भोपाल: डॉक्टर बनने का सपना देखने वाले स्टूडेंट्स के लिए बड़ी राहत की खबर है। नीट मेरिट में स्थान पाने वाले मेधावी विद्यार्थियों के लिए मध्य प्रदेश में मेडिकल शिक्षा सस्ती होने जा रही है। मेरिट में आने वाले स्टूडेंट्स की फीस में एक-तिहाई की कमी होने के आसार हैं। दूसरी ओर, सीट बढ़ोतरी के कारण नीट परीक्षा में मेरिट स्टूडेंट्स को ज्यादा संख्या में सरकारी और प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन मिलेगा।
2026 में MBBS सस्ता और आसान
इससे मेरिट में आए नीट एस्पिरेंट को प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में बढ़ी हुई सीट संख्या और कम फीस का दोहरा लाभ मिल सकेगा। वहीं, मैनेजमेंट कोटे के तहत स्टूडेंट्स का एडमिशन नीट मेरिट के आधार पर राज्य सरकार द्वारा की जाने वाली काउंसलिंग के माध्यम से होगा।
मेधावी छात्रों के लिए MP सरकार का बड़ा तोहफा
मध्य प्रदेश में वर्ष 2023 की तुलना में वर्ष 2026 में मेडिकल कॉलेजों में मेरिट में आने वाले विद्यार्थियों के लिए सीटें बढ़ाई गई हैं। जहां वर्ष 2023 में प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में कुल उपलब्ध सीटें 4675 थीं, इनमें से सरकारी कॉलेजों में 2275 सीटें और प्राइवेट कॉलेजों में 2400 सीटें उपलब्ध थीं। इनमें से मेरिट स्टूडेंट्स के लिए कुल 4315 सीटें निश्चित की गई थीं, जिसमें सरकारी कॉलेजों में 2215 और प्राइवेट कॉलेजों में 2040 सीटें रखी गई थीं।
4675 से बढ़कर 6020 सीटें
वर्ष 2026 में इनमें बढ़ोतरी करने पर मेडिकल कॉलेजों में कुल उपलब्ध सीटें 6020 हुईं, जिसमें सरकारी कॉलेजों में 3020 और प्राइवेट कॉलेजों में 3000 सीटें उपलब्ध रखी गईं। इस प्रकार वर्ष 2026 में मेरिट स्टूडेंट्स के लिए कुल 4520 सीटें उपलब्ध रखी गईं, जिनमें सरकारी कॉलेजों में 3020 और प्राइवेट कॉलेजों में 1500 सीटें मेरिट स्टूडेंट्स के लिए तय की गई। इससे मेधावी छात्रों को बड़ा फायदा होगा।
एक करफ फीस कम और दूसरी तरफ सीटें बढ़ने से सरकारी व प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में ज्यादा से ज्यादा छात्रों को मौका मिल सकेगा।
वहीं, मध्य प्रदेश में पुलिस भर्ती का इंतजार कर रहे लाखों युवाओं के लिए एक बड़ी और खुशखबरी सामने आई है। मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार ने पुलिस विभाग में सीधी भर्ती को प्रशासनिक मंजूरी दे दी है। इस भर्ती में सबसे बड़ी संख्या आरक्षकों की होगी।

